
गूंज, चम्पावत। नगर पंचायत बनबसा की कार्यप्रणाली को लेकर नगर पंचायत के सभी सात निर्वाचित सभासदों ने आज सामूहिक रूप से अपना इस्तीफा सौंपते हुए नगर पंचायत की कार्यप्रणाली, निर्णयों, लंबित जनहित के कार्यों तथा खर्च से जुड़े मामलों की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच की मांग की। सभासदों ने नगर पंचायत बनबसा में अधिशासी अधिकारी कार्यालय तथा मुख्यमंत्री कार्यालय, टनकपुर में पहुंचकर अपना सामूहिक इस्तीफा प्रस्तुत किया। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री से पूरे मामले का संज्ञान लेते हुए आवश्यक कार्रवाई और निष्पक्ष जांच कराने का अनुरोध किया।
सभासदों ने मुख्यमंत्री के बनबसा आगमन के दौरान हैलीपैड पर सभासदों द्वारा वार्ड संख्या 4, 5 एवं 6 के मीना बाजार एवं नई बस्ती क्षेत्र में लंबे समय से निवास कर रहे गरीब एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की समस्या को लेकर भी ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कैनाल विभाग द्वारा जारी 21 दिनों के बेदखली नोटिसों पर तत्काल पुनर्विचार कराने तथा नियमितीकरण एवं आवासीय अधिकारों के संबंध में उचित निर्णय होने तक परिवारों को उनके घरों से हटाने की कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग की गई। साथ ही लंबे समय से निवास कर रहे परिवारों के हित में नियमानुसार नियमितीकरण की प्रक्रिया शुरू करने तथा उक्त बस्ती को नियमानुसार मलिन बस्ती के रूप में घोषित/विनियमित करने का अनुरोध किया गया। सभासदों ने बेदखली नोटिसों पर मानवीय एवं विधिक दृष्टिकोण से पुनर्विचार किए जाने की भी मांग रखी।
इस्तीफा देने वाले सभासदों का कहना है कि वे अपने-अपने वार्ड की जनता का प्रतिनिधित्व करते हुए लगातार जनहित से जुड़े कार्यों और समस्याओं के समाधान के लिए प्रयासरत हैं। सभासदों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी एवं नगर अध्यक्ष के स्तर पर लिए जा रहे विभिन्न निर्णयों और कार्यप्रणाली को लेकर निर्वाचित सभासदों में असंतोष है। सभासदों द्वारा उठाए गए प्रमुख मुद्दों में जनहित से जुड़े कार्यों में देरी, वार्डों की समस्याओं पर अपेक्षित कार्रवाई न होना, निर्णय प्रक्रिया में सभासदों की अपेक्षित सहभागिता एवं विचार-विमर्श का अभाव तथा सभासदों द्वारा उठाई गई आपत्तियों पर पर्याप्त ध्यान न दिया जाना शामिल है। इसके अलावा नगर पंचायत के सीमित संसाधनों के बीच खर्च की प्राथमिकताओं को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं।
सभासदों का कहना है कि उनके द्वारा कई अवसरों पर आपसी स्तर पर समस्याओं के समाधान और बेहतर समन्वय का प्रयास किया गया, लेकिन उनके अनुसार अपेक्षित सुधार नहीं होने के कारण सभी निर्वाचित सभासदों ने सामूहिक रूप से इस्तीफा देने का निर्णय लिया।
सभासदों ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष का विरोध करना नहीं, बल्कि नगर पंचायत बनबसा में पारदर्शी कार्यप्रणाली, जनहित के कार्यों में तेजी और जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है। इसी उद्देश्य से उन्होंने मुख्यमंत्री से पूरे मामले का निष्पक्ष संज्ञान लेकर आवश्यक कार्रवाई एवं जांच कराने की मांग की है।
सामूहिक इस्तीफे एवं ज्ञापन पर नगर पंचायत बनबसा के सभी सात सभासदों के हस्ताक्षर हैं। इनमें वार्ड संख्या 1 से मनीषा भट्ट, वार्ड संख्या 2 से योगेश चन्द, वार्ड संख्या 3 से मोहन सिंह, वार्ड संख्या 4 से कमल गुप्ता, वार्ड संख्या 5 से काजल, वार्ड संख्या 6 से लक्ष्मी कश्यप तथा वार्ड संख्या 7 से मनोज कुमार कश्यप शामिल हैं।
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